सरकार ने कबूला हिंसा में मारे गए 3000 से ज्यादा लोग, जानें क्या है मानवाधिकार संगठनों का आंकड़ा

सरकार ने कबूला हिंसा में मारे गए 3000 से ज्यादा लोग, जानें क्या है मानवाधिकार संगठनों का आंकड़ा

 ईरान में प्रदर्शन के दौरान मरने वालों की संख्या को लेकर पहली बार सरकार की तरफ से बयान जारी किया है। सरकार के अनुसार ये आंकड़ा 3117 है, वहीं मानवाधिकार संगठनों का दावा है कि इस दौरान 4560 मौतें हुई हैं। दोनों में लगभग 1400 से ज्यादा लोगों का अंतर है।

ईरान में हाल ही में हुए बड़े विरोध-प्रदर्शनों को लेकर अब पहली बार सरकार ने मरने वालों का आधिकारिक आंकड़ा जारी किया है। ईरानी सरकारी टीवी ने बताया है कि इन प्रदर्शनों में कुल 3117 लोगों की मौत हुई है। ये प्रदर्शन 28 दिसंबर से शुरू हुए थे। सरकारी टीवी पर शहीद फाउंडेशन का बयान दिखाया गया, जिसमें कहा गया कि मरने वालों में से 2427 लोग आम नागरिक और सुरक्षा बलों के सदस्य थे। बाकी लोग कौन थे, इस बारे में सरकार ने कोई साफ जानकारी नहीं दी।

मानवाधिकार संगठनों ने बताया आंकड़ा 4500 के पार
वहीं दूसरी तरफ, अमेरिका स्थित एक मानवाधिकार संगठन ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी (एचआरएएनए) ने मरने वालों की संख्या इससे कहीं ज्यादा बताई है। उनके मुताबिक, इन प्रदर्शनों में अब तक 4560 लोगों की मौत हो चुकी है। यह संस्था ईरान के अंदर मौजूद अपने कार्यकर्ताओं के नेटवर्क के जरिए जानकारी जुटाती है और पहले भी उनके आंकड़े काफी हद तक सही साबित हुए हैं।

ईरान में हालात बद से बदतर
एक अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी ने कहा है कि वह खुद से इन आंकड़ों की पुष्टि नहीं कर सकी है, क्योंकि ईरान में हालात ऐसे हैं कि स्वतंत्र रूप से जांच करना बहुत मुश्किल है। इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि ईरान में हालात कितने गंभीर रहे हैं और मरने वालों की सही संख्या को लेकर अभी भी सच्चाई पूरी तरह सामने नहीं आई है। सरकार और मानवाधिकार संगठनों के आंकड़ों में अंतर यह दिखाता है कि वहां की स्थिति कितनी संवेदनशील और जटिल बनी हुई है।

administrator

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *