अश्विनी वैष्णव ने हाल ही में भारतीय रेलवे की उपलब्धियों को गिनाते हुए दावा किया कि पिछले कुछ वर्षों में रेल दुर्घटनाओं में लगभग 90% की कमी आई है, जो रेलवे सुरक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। उन्होंने कहा कि भारतीय रेल ने तकनीकी सुधार, बेहतर ट्रैक मेंटेनेंस और आधुनिक सुरक्षा प्रणालियों के इस्तेमाल के जरिए यह सफलता हासिल की है। मंत्री के अनुसार, रेलवे ने ट्रैक की नियमित निगरानी, पुराने पुलों और पटरियों के नवीनीकरण तथा आधुनिक सिग्नलिंग सिस्टम को लागू करने पर विशेष ध्यान दिया है, जिससे दुर्घटनाओं की संभावना में काफी कमी आई है।
अश्विनी वैष्णव ने यह भी बताया कि ‘कवच’ जैसी स्वदेशी ट्रेन सुरक्षा प्रणाली को तेजी से लागू किया जा रहा है, जो ट्रेन टकराव को रोकने में मदद करती है। इसके अलावा, रेलवे कर्मचारियों को नियमित प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि वे आपात स्थितियों में बेहतर तरीके से काम कर सकें। उन्होंने यह भी कहा कि रेलवे ने मानवरहित फाटकों को खत्म करने और उनकी जगह ओवरब्रिज और अंडरपास बनाने पर जोर दिया है, जिससे सड़क और रेल दोनों की सुरक्षा बढ़ी है।
मंत्री ने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि सरकार रेलवे के आधुनिकीकरण पर लगातार निवेश कर रही है, जिसमें हाई-स्पीड ट्रेनों, बेहतर यात्री सुविधाओं और डिजिटल तकनीकों का समावेश शामिल है। उन्होंने कहा कि रेलवे अब केवल एक परिवहन माध्यम नहीं रहा, बल्कि यह देश के आर्थिक विकास का एक महत्वपूर्ण आधार बन चुका है।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि सुरक्षा एक सतत प्रक्रिया है और इसे और बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। कुल मिलाकर, अश्विनी वैष्णव का यह बयान रेलवे की प्रगति, सुरक्षा सुधार और भविष्य की योजनाओं को दर्शाता है, जिसमें दुर्घटनाओं में कमी को एक बड़ी उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत किया गया है।



