राष्ट्रपति बनने के बाद मार्कोस जूनियर का यह पहला भारत दौरा है, जो भारत-फिलीपीन राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर हो रहा है। भारत और फिलीपीन के बीच राजनयिक संबंध नवंबर 1949 में स्थापित हुए थे। दौरे के दौरान रक्षा, व्यापार और डिजिटल प्रौद्योगिकी सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा होगी।
फिलीपीन के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर. मार्कोस जूनियर इस समय भारत में हैं। यहां आज वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी समकक्ष द्रौपदी मुर्मू और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति मार्कोस की यह यात्रा दोनों देशों के बीच लगातार हो रही राजनीतिक बातचीत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। भारत और फिलीपीन दोनों ही दक्षिण चीन सागर में स्वतंत्र नौवहन के पक्ष में हैं, इसलिए यह यात्रा समुद्री सहयोग के लिए भी अहम मानी जा रही है।
आज हैदराबाद हाउस में पीएम मोदी संग होगी बैठक
आज राष्ट्रपति मार्कोस राजघाट पर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे, जिसके बाद वह हैदराबाद हाउस में पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय करेंगे। इस दौरान समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान भी होगा। मार्कोस राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से भी मुलाकात करेंगे। दौरे के अंतिम दो दिनों में मार्कोस बेंगलुरु का दौरा करेंगे। इस दौरान वे कर्नाटक के राज्यपाल थावर चंद गहलोत से मिलेंगे।
मार्कोस का राष्ट्रपति बनने के बाद पहला भारत दौरा
यह मार्कोस का राष्ट्रपति बनने के बाद पहला भारत दौरा है, जो भारत-फिलीपीन राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर हो रहा है। भारत और फिलीपीन के बीच राजनयिक संबंध नवंबर 1949 में स्थापित हुए थे। दौरे के दौरान रक्षा, व्यापार और डिजिटल प्रौद्योगिकी सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा होगी।
पहले भी मिल चुके पीएम मोदी और राष्ट्रपति मार्कोस
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मार्कोस जूनियर पहले भी मिल चुके हैं। अक्तूबर 2024 में दोनों की मुलाकात लाओस में हुई थी। इससे पहले वह सितंबर 2023 में इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता में भी मिले थे। इसके अलावा, पीएम मोदी ने राष्ट्रपति मार्कोस जूनियर को 2022 में चुनाव जीतने पर उन्हें बधाई भी दी थी।
बीती शाम विदेश मंत्री एस जयशंकर ने की थी मुलाकात
इससे पहले, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोमवार शाम फिलीपीन के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर. मार्कोस जूनियर से मुलाकात की थी। जयशंकर ने कहा कि 5 अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ होने वाली उनकी वार्ता द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करेगी। फिलीपीन के राष्ट्रपति ने सोमवार से भारत के पांच दिवसीय राजकीय दौरे की शुरुआत की है। दिल्ली पहुंचने पर राज्य मंत्री पाबित्रा मार्गेरिटा ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर बताया कि उन्होंने दिल्ली में राष्ट्रपति मार्कोस से मुलाकात की और पीएम मोदी के साथ उनकी आगामी वार्ता को लेकर आशावाद जताया।
फिलीपीन के साथ कृषि जैव प्रौद्योगिकी में सहयोग पर जोर: मंत्री जितेंद्र सिंह
इससे पहले, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह ने राष्ट्रपति मार्कोस के साथ दौरे पर आए फिलीपीन के विज्ञान सचिव रेनाटो यू. सोलिडम जूनियर से मुलाकात की। उन्होंने कृषि जैव प्रौद्योगिकी, भू-स्थानिक तकनीक और आपदा प्रबंधन में सहयोग की संभावनाएं तलाशीं। सिंह ने कहा कि ये क्षेत्र संयुक्त शोध के लिए तत्काल प्राथमिकता वाले हैं। दोनों देशों ने वैज्ञानिक आदान-प्रदान, क्षमता निर्माण और गैर-स्वामित्व वाले वैज्ञानिक डेटा साझा करने पर सहमति जताई। सिंह ने भारत-आसियान विज्ञान ढांचे में फिलीपीन की सक्रिय भागीदारी का स्वागत किया।
राष्ट्रपति भवन में किया गया औपचारिक स्वागत
फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्दिनांद रोमाल्डेज मार्कोस जूनियर राष्ट्रपति भवन पहुंचे, जहां उनका औपचारिक स्वागत किया गया। इस दौरान फिलीपींस के राष्ट्रपति को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस दौरान उन्होंने कहा कि ‘मुझे लगता है कि यह उस गठबंधन और साझेदारी की पुनः पुष्टि है जिसे हम मजबूत कर रहे हैं। इसे पहले एशिया-प्रशांत क्षेत्र कहा जाता था, अब हम उसे हिंद-प्रशांत क्षेत्र कहते हैं, और मुझे लगता है कि राजनीति, व्यापार और अर्थव्यवस्था की वैश्विक प्रकृति के कारण यह सही है। हमारे पास जो पहले से है, उसे और मजबूत करने के लिए दोनों देश साथ आए हैं और अनेक नए अवसरों का पता लगाने के लिए जो पिछले कुछ वर्षों में नई तकनीकों, वैश्विक अर्थव्यवस्था और हमारे आसपास की बदलती भू-राजनीति के कारण उत्पन्न हुए हैं।’



