बिहार पुलिस की टीम और अपराधियों के बीच फिर से भिड़ंत हुई है। दोनों ओर से जमकर गोलीबारी हुई। इसमें तीन आरोपियों की पुलिस ने ढेर कर दिया। इस दौरान मनेर थानेदार को भी गोली लगी है। आइये जानते हैं क्या है पूरा मामला..
पटना जिले के मनेर में बुधवार को पुलिस और अपराधियों के बीच मुठभेड़ हो गई। शेरपुर गंगा घाट के पास हुई इस मुठभेड़ में पुलिस की जवाबी कार्रवाई के दौरान तीन अपराधियों की गोली लगने मौत हो गई। वहीं, अपराधियों की गोली लगने से मनेर थानेदार रजनीश कुमार घायल हो गए। मरने वालों में जेपी यादव और उसके दो सहयोगी बबलू तथा राजा शर्मा शामिल थे। तीनों पैक्स अध्यक्ष हत्याकांड में शामिल थे। इस हत्याकांड का मुख्य आरोपी जेपी यादव था। इधर, इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पटना एसएसपी समेत अन्य पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने के साथ ही गोलीबारी से जुड़े तथ्यों की जांच शुरू कर दी है।
घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही एफएसएल टीम
मुठभेड़ के बाद पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। एफएसएल टीम घटनास्थल की जांच कर रही है। इन तीनों आरोपियों के सहयोगियों की भी तलाश पुलिस कर रही है। वहीं घायल थानेदार रजनीश कुमार के इलाज को लेकर भी जानकारी सामने आनी बाकी है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की छानबीन कर रही है। मुठभेड़ को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
गुप्त सूचना के बाद पुलिस ने की घेराबंदी
बताया जा रहा है कि पुलिस को सूचना मिली थी कि दानापुर और मनेर में हुए पैक्स अध्यक्ष हत्याकांड में वांछित जेपी यादव अपने साथियों के साथ शेरपुर गंगा घाट के आसपास छिपा हुआ है। इसके बाद पुलिस टीम ने आरोपियों को पकड़ने के लिए इलाके में कार्रवाई शुरू की। इसी दौरान पुलिस का सामना आरोपियों से हो गया। बताया जा रहा है कि पुलिस टीम को देखते ही अपराधियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। अचानक हुई फायरिंग में मनेर थानाध्यक्ष रजनीश कुमार घायल हो गए। इसके बाद पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की, जिसमें तीनों आरोपियों को गोली लगी। बाद में उनकी मौत हो गई।



