कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और यूनाइटेड किंगडम के बाद पुर्तगाल ने भी स्वतंत्र फलस्तीन राज्य को आधिकारिक मान्यता देने की घोषणा की है। रविवार को, पुर्तगाली विदेश मंत्री पाउलो रंगेल ने यह एलान किया। उन्होंने कहा कि पुर्तगाल अब आधिकारिक तौर पर फलस्तीन राज्य को मान्यता देता है। इसके साथ ही, विदेश मंत्री ने इस्राइल के साथ द्वि-राज्य समाधान का समर्थन करते हुए इसे दोनों देशों और क्षेत्र में स्थायी शांति का एकमात्र रास्ता बताया।
वार्षिक संयुक्त राष्ट्र महासभा से पहले न्यूयॉर्क में पत्रकारों से बात करते हुए रेंजेल ने कहा कि फलस्तीन राज्य को मान्यता देना एक मौलिक, सुसंगत और व्यापक रूप से सहमत नीति की पूर्ति है। उन्होंने कहा कि पुर्तगाल द्वि-राज्य समाधान को न्यायसंगत और स्थायी शांति का एकमात्र रास्ता मानता है, जो इस्राइल और फलस्तीन के बीच सह-अस्तित्व और शांतिपूर्ण संबंधों को बढ़ावा देता है।
ब्रिटेन, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया ने दी स्वतंत्र फलस्तीन राष्ट्र को मान्यता
इससे पहले, अमेरिका व इस्राइल के विरोध के बावजूद ब्रिटेन ने ऐतिहासिक कदम उठाते हुए फलस्तीन राष्ट्र को औपचारिक मान्यता देने का एलान किया। इसके अलावा कनाडा व ऑस्ट्रेलिया ने भी फलस्तीन को मान्यता देने की घोषणा की है। हालांकि, संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) से पहले ब्रिटेन के इस फैसले से इस्राइल व अमेरिका नाराज हो सकते हैं।
ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने रविवार को सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, आज फलस्तीनियों व इस्राइलियों के लिए शांति की आशा को पुनर्जीवित करने तथा द्वि-राष्ट्र समाधान के लिए ब्रिटेन ने औपचारिक रूप से फलस्तीन राष्ट्र को मान्यता दे दी। इसके साथ ही ब्रिटेन उन 140 देशों में शामिल हो गया, जिन्होंने फलस्तीन को राष्ट्र के रूप में मान्यता दी है। हालांकि, इससे इस्राइल व उसका दोस्त अमेरिका नाराज हो सकता है। इस फैसले का प्रतीकात्मक महत्व है, क्योंकि ब्रिटेन ने द्वितीय विश्व युद्ध के बाद इस्राइल के एक आधुनिक राष्ट्र के रूप में निर्माण में प्रमुख भूमिका निभाई है। एजेंसी
ब्रिटेन ने जुलाई में दी थी इस्राइल को चेतावनी
ब्रिटेन ने जुलाई में इस्राइल को अल्टीमेटम देते हुए कहा था कि गाजा में हालात नहीं सुधरे तो वह फलस्तीन को मान्यता दे देगा। कनाडाई प्रधानमंत्री ने भी इस्राइल को गाजा में तेज होते युद्ध को लेकर यूरोपीय देशों की नाराजगी के प्रति आगाह करते हुए फलस्तीन को मान्यता देने की चेतावनी दी थी।
फलस्तीन बोला-स्वतंत्रता और संप्रभुता के करीब पहुंचे
फलस्तीन की विदेश मंत्री वारसेन अगाबेकिअन शाहीन ने कहा, यह एक ऐसा कदम है जो हमें संप्रभुता व स्वतंत्रता के और करीब ले जा रहा है। हो सकता है कि इससे कल युद्ध समाप्त न हो, लेकिन यह एक आगे बढ़ने वाला कदम है।
फलस्तीन कभी भी राष्ट्र नहीं बन सकता: इस्राइल
इस्राइल ने ब्रिटेन व अन्य देशों की तरफ से फलस्तीन को मान्यता देने के कदम की कड़ी आलोचना की और कहा कि इससे धरातल पर वास्तविकता नहीं बदलेगी। फलस्तीन राष्ट्र केवल इस्राइल व फलस्तीनियों के बीच सीधी वार्ता से संभव है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू इस महीने एलान कर चुके हैं कि फलस्तीन राष्ट्र कभी संभव नहीं है।
यूएनजीए में फ्रांस करेगा मान्यता का एलान
फ्रांस संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) में फलस्तीन राष्ट्र को औपचारिक रूप से मान्यता दे सकता है। इस बीच, कई फ्रांसीसी मेयर ने सरकारी आदेशों की अवहेलना करते हुए टाउन हॉल पर फलस्तीनी झंडे फहराने का एलान किया है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि ऐसा कितने मेयर करेंगे। फ्रांस के विदेश मंत्रालय ने यूरोप के सबसे बड़े यहूदी व मुस्लिम आबादी में फलस्तीनी झंडे फहराने को लेकर चेतावनी जारी की है। मालूम हो कि ब्रिटेन लंबे समय से इस्राइल का समर्थक रहा है, बावजूद उसने फलस्तीन को मान्यता दी है।



