कानपुर में दवा कारोबारी की हत्या में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। ससुर का कत्ल कराने वाली बहू भी गिरफ्तार कर ली गई है। बहू ने ही हत्याकांड की खौफनाक साजिश रची थी। वहीं, मामले में नई जानकारी यह सामने आई है कि दवा कारोबारी को तकिया से मुंह दबाकर मारना था, ताकि हार्ट अटैक लगे, लेकिन हड़बड़ी में आरोपियों ने चाकू से गोद डाला।
कानपुर के इंदिरानगर के रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट में शनिवार देर रात दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या में पुलिस ने बहू शालू को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का दावा है कि पाई-पाई का हिसाब लेने और घर में सीसी कैमरे लगाए जाने से नाराज बहू ने छह लाख में ससुर की सुपारी दी थी। शालू ने हत्या के लिए खौफनाक साजिश रची थी।
डीसीपी एसएम कासिम आबिदि ने बताया, शालू ने पूर्व कर्मचारी विशाल से कहा था कि जब पापा विनीत अपने कमरे में सो जाएं तो तकिया से उनका मुंह दबा देना। इससे उनकी मौत हो जाएगी। जब शालू और उसके पति सुब्रत लौटेंगे तो हार्ट अटैक से मौत की बात कहकर लोगों को गुमराह कर देंगे।

पुलिस के अनुसार, दोनों सुपारी किलर (विशाल और राजकिशोर) यहीं गलती कर गए। दोनों हत्यारोपी दंपती के बेडरूम में दरवाजे के पीछे छिप गए थे। ऑटोमेटिक लॉक सिस्टम होने के कारण बेडरूम का दरवाजा पूरी तरह से बंद नहीं किया।

विनीत जब अपने कमरे में जाने लगे तो उनकी नजर बेटे के कमरे के थोड़े से खुले हुए दरवाजे और अंदर जल रही लाइट पर पड़ी। वह लाइट बंद करने के लिए कमरे में दाखिल हुए तो उनका सामना दोनों हत्यारोपियों से हो गया।
विशाल ने चाकू से विनीत पर ताबड़तोड़ हमले कर दिए। इस दौरान राजकिशोर विनीत को पकड़े हुए था। पुलिस के अनुसार हत्या की साजिश में कारोबारी विनीत का बेटा सुव्रत भी शामिल है। हालांकि पुलिस ने अभी सुब्रत को गिरफ्तार नहीं किया है।
वहीं, हत्यारोपी बहू ने अब तक अपना जुर्म कबूल नहीं किया है। बहू शालू, पूर्व कर्मचारी विशाल और उसके साथी राजकिशोर को कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया गया है।
गार्ड को बताया था विशाल का दूसरा नाम
पुलिस ने जब विशाल की तस्वीर अपार्टमेंट में नीचे बैठने वाले गार्ड को दिखाई तो वह बोला कि यह तो शुभम है। मैडम को पार्टी में बुके लेकर जाना था। उन्होंने कहा था कि शुभम बुके लेकर आएगा तो उसे फ्लैट तक भेज देना।
पुलिस के मुताबिक, शालू ने भ्रमित करने के लिए गार्ड को विशाल का बदला हुआ नाम बताया था। उसके बुके देने के 10-15 मिनट बाद ही शालू, सुब्रत अपने बेटे के साथ पार्टी के लिए निकल गए थे जबकि दोनों हत्यारोपी भी वहां से चले गए थे।
बेटे की भूमिका की भी हो रही जांच
कारोबारी की बहू के खिलाफ पुलिस के पास पर्याप्त सुबूत हैं। हत्या के लिए सुपारी देने की बात भी सामने आ चुकी है इसलिए उसे जेल भेजा जा रहा है। रही बात पति सुब्रत की तो हत्या में उसकी भूमिका की जांच कराई जा रही है। रघुबीर लाल, पुलिस कमिश्नर
यह था पूरा मामला: बहू ने कराया ससुर का कत्ल
कानपुर में कल्याणपुर के इंदिरानगर स्थित रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट निवासी दवा कारोबारी विनीत मिनोचा (63) की शनिवार देर रात चाकू से गोदकर नृशंस हत्या कर दी गई। हत्यारों ने कारोबारी पर चाकू से 26 से ज्यादा वार किए। वारदात के वक्त वह फ्लैट में अकेले थे। रविवार सुबह चार बजे बेटा-बहू पार्टी से घर लौटे तब वारदात का पता चला। पुलिस कमिश्नर फोर्स संग मौके पर पहुंचे और जांच की।
अपार्टमेंट की गैलरी में लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए गए, इनमें कारोबारी का पूर्व कर्मचारी हरबंशमोहाल निवासी विशाल गौतम व उसका साथी राजकिशोर फ्लैट में घुसते और निकलते दिखाई दिए। पुलिस ने रविवार देर रात मुठभेड़ के दौरान दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
दोनों के पैर में पुलिस की गोली लगी। पूछताछ में हत्यारोपियों ने कारोबारी की बहू के कहने पर वारदात की बात कबूली है। पुलिस हत्या की वजह पता करने में जुटी है। रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट की पहली मंजिल के फ्लैट नंबर सी-104 में रहने वाले विनीत मिनोचा शहर के पांच बड़े दवा कारोबारियों में माने जाते थे।
उनकी बिरहाना रोड पर फार्मा ट्रेडर्स के नाम फर्म है। परिवार में बेटा सुब्रत, बहू शालू और छह साल का पोता श्रीजय हैं। पत्नी पुनीता गाजियाबाद में मैरिज काउंसलर हैं। सुब्रत ने पुलिस को बताया कि शनिवार रात करीब 9:36 बजे वह फ्लैट के मेनगेट को लॉक कर पत्नी शालू व बेटे के साथ तिलकनगर स्थित दोस्त की पार्टी में गए थे। रविवार सुबह 4:13 बजे घर लौटे। पत्नी किचन में पानी लेने गई तो पिता के कमरे से रिस कर बाहर आ रहा खून दिखा। दरवाजा खोला तो उनका शव जमीन पर पड़ा था। बेटे-बहू ने करीब 37 मिनट बाद पुलिस को इसकी सूचना दी।
सवा घंटे फ्लैट में छिपे, आधे घंटे बाद हत्या कर निकले
कानपुर के पॉश इलाकों में शुमार इंदिरानगर के प्रतिष्ठित रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट के फ्लैट में विनीत मिनोचा की हत्या से सनसनी फैल गई। पुलिस मौके पर पहुंची और और सीसी कैमरे चेक किए तो शनिवार रात 9:36 बजे कारोबारी का बेटा सुब्रत, बहू शालू अपने बेटे के साथ जाते दिखाई दिए। ठीक 10 मिनट बाद दो संदिग्ध गैलरी से बड़े आराम से फ्लैट सी-104 में दाखिल हो गए। करीब सवा घंटे फ्लैट में ही छिपे रहे। 10:58 बजे कारोबारी विनीत फ्लैट में पहुंचे। हत्यारोपी आधे घंटे में उनकी हत्या कर निकल गए।



