भारी बारिश से हिमाचल में 50 मीटर रेलवे ट्रैक हवा में लटक गया है और जम्मू-कश्मीर-उत्तराखंड में भूस्खलन से कई रास्ते बंद हैं। वहीं, मध्य प्रदेश के चित्रकूट में मंदाकिनी नदी उफान पर है। मौसम विभाग ने पांच सितंबर तक कई राज्यों में बारिश और वज्रपात की चेतावनी दी है, ऐसे में क्या बारिश की मुश्किलें अभी और बढ़ेंगी? पढ़िए रिपोर्ट
हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर समेत उत्तर-पश्चिम भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश ने कहर बरपाया है। हिमाचल प्रदेश में शनिवार की रात को हुई बारिश से कालका-शिमला रेलवे ट्रैक के नीचे की मिट्टी बह जाने से रेल ट्रैक करीब 50 मीटर ऊपर हवा में लटक गया है। इस मार्ग पर सभी ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं। जम्मू-कश्मीर में भूस्खलन से सांबा-मानसर मार्ग और बनी-बसोहली सड़क पर यातायात ठप हो गया है। मौसम विभाग ने उत्तर भारत के 10 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 5 सितंबर तक बारिश और बज्रपात का अनुमान जताया है।
हिमाचल प्रदेश में कोटी और गुम्मन रेलवे स्टेशन के बीच कालका-शिमला ट्रैक के नीचे की मिट्टी बह गई है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक ट्रैक दुरुस्त नहीं होगा, तब तक ट्रेनों की आवाजाही बंद रहेगी। सोलन के रामशहर क्षेत्र में भी मूसलाधार बारिश के कारण शनिवार रात करीब 10 बजे रामशहर-स्वारघाट मार्ग पर गुनाहकलां के पास पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर और भारी मलबा सड़क पर आ गिरा। इससे मार्ग पूरी तरह बंद हो गया। मंडी जिले में भारी बारिश से 24 सड़कें यातायात के लिए बंद हैं। सबसे ज्यादा असर सराज क्षेत्र में है, जहां 17 सड़कें बंद हैं।
नैनीताल में पहाड़ी दरकी
उत्तराखंड में भी मानसूनी बारिश से लोगों की दुश्वारियां बढ़ गई है। नदियां उफान पर हैं और पहाड़ियां दरक रही हैं। शनिवार को भारी बारिश के कारण मसूरी-नैनीाल में पहाड़ियां दरकने, टिहरी-चमोली में भूस्खलन और देहरादून में एक सड़क के बहने की घटनाएं सामने आईं। राज्य में जगह-जगह भूस्खलन से दो राज्यमार्ग समेत 78 मार्गों पर यातायात ठप रहा।
जम्मू संभाग में भारी बारिश
जम्मू-कश्मीर के रियासी और कठुआ समेत प्रदेश के कुछ हिस्सों बारिश हुई। भूस्खलन से सांबा-मानसर मार्ग और कठुआ जिले में बनी-बसोहली सड़क पर करडोह के पास आवाजाही बाधित रही। पिछले 24 घंटों में कठुआ में 23 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग खुला रहा और वाहनों की आवाजाही जारी रही। जम्मू संभाग के सांबा और उधमपुर में तड़के कुछ समय के लिए बारिश हुई।
भारी बारिश की चेतावनी
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड में 31 अगस्त से 5 सितंबर तक छिटपुट से व्यापक बारिश होने की संभावना है। मैदानी इलाकों में हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब, पूर्वी व पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान में 5 सितंबर तक छिटपुट से लेकर कहीं-कहीं भारी बारिश के आसार हैं। इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है।
मध्य प्रदेश के सतना जिले के चित्रकूट में बारिश के बाद मंदाकिनी नदी के उफान पर आने से रिहायशी इलाकों में बाढ़ का पानी भर गया। एनडीआरएफ की टीम प्रभावित लोगों को बचा रही है।



