सऊदी अरब ने आठ ड्रोन मार गिराए; नेतन्याहू ने कहा- ईरान से जारी जंग अभी चलेगी

सऊदी अरब ने आठ ड्रोन मार गिराए; नेतन्याहू ने कहा- ईरान से जारी जंग अभी चलेगी

पश्चिम एशिया की जमीन इन दिनों बारूद की गंध से भरी है। इस्राइल और अमेरिका की ओर से ईरान पर जारी सैन्य हमलों और ईरान की जवाबी कार्रवाई का आज चौथा दिन है। दोनों देशों की संयुक्त बमबारी तेज हो गई है और अमेरिकी राष्ट्रपति ने संकेत दिया है कि यह अभियान चार-पांच हफ्ते तक चल सकता है। पूरा क्षेत्र युद्ध जैसे हालात से गुजर रहा है।

यूएन ने शुरू की कूटनीतिक समाधान की कोशिशें

संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने खाड़ी क्षेत्र के कई नेताओं से बातचीत की है। यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब ईरान के साथ चल रहे युद्ध के कारण वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाले असर को लेकर संयुक्त राष्ट्र ने चिंता जताई है। संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने सोमवार को कहा कि क्षेत्र में हो रही सैन्य गतिविधियों का पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि ऐसे हालात का सबसे ज्यादा असर हमेशा कमजोर और गरीब देशों पर पड़ता है। खाड़ी क्षेत्र में अस्थिरता का सीधा असर तेल की कीमतों पर पड़ता है। सोमवार को तेल की कीमतों में 5.63 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। अगर होर्मुज की खाड़ी में जहाजों की आवाजाही बंद होती है, तो ऊर्जा की कीमतें और ज्यादा बढ़ सकती हैं।

08:54 AM, 03-Mar-2026

ईरान संघर्ष कोई अंतहीन युद्ध नहीं: नेतन्याहू

इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि पश्चिम एशिया क्षेत्र में चल रहा संघर्ष अंतहीन युद्ध नहीं होगा। फॉक्स न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में नेतन्याहू ने कहा कि ईरान पर हमले एक अंतहीन युद्ध नहीं होंगे, हालांकि इसमें कुछ समय लग सकता है। उन्होंने आगे कहा कि यह अभियान “एक त्वरित और निर्णायक कार्रवाई होगी। उन्होंने साफ कहा कि इसमें कुछ समय लग सकता है, लेकिन इसमें वर्षों नहीं लगेंगे।

08:53 AM, 03-Mar-2026

सऊदी अरब ने आठ ड्रोन मार गिराए

सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि उसने रियाद और अल-खारज के पास लगभग आठ ड्रोन को रोककर नष्ट कर दिया है। आज सुबह सऊदी अरब में रियाद स्थित अमेरिकी दूतावास पर भी हमला हुआ।

08:13 AM, 03-Mar-2026

ईरान के परमाणु- मिसाइल ठिकानों पर नेतन्याहू का बड़ा दावा

इस्राइली प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने दावा किया कि ईरान के परमाणु और मिसाइल ठिकाने कुछ ही महीनों में हमलों से ‘सुरक्षित’ हो जाते। फॉक्स न्यूज को उन्होंने बताया है कि अमेरिका और इस्राइल ने ईरान पर हमला इसलिए किया क्योंकि ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल और परमाणु कार्यक्रम कुछ ही महीनों में हमलों से ‘प्रतिरक्षित’ हो जाते। 

उन्होंने कहा कि हमें अभी कार्रवाई करनी पड़ी, इसका कारण यह है कि उनके परमाणु ठिकानों और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम पर हमला करने के बाद आपको लगेगा कि वे सबक सीखेंगे, लेकिन उन्होंने नहीं सीखा। क्योंकि वे सुधरने वाले नहीं हैं, वे अमेरिका को नष्ट करने के लक्ष्य को लेकर पूरी तरह से कट्टर हैं। इसलिए उन्होंने कुछ ही महीनों में नए ठिकाने, नई जगहें, भूमिगत बंकर बनाना शुरू कर दिया, जो उनके बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम और परमाणु बम कार्यक्रम को सुरक्षित कर देते। उन्होंने आगे कहा कि अगर अभी कोई कार्रवाई नहीं की गई, तो भविष्य में भी कोई कार्रवाई नहीं की जा सकती।

07:43 AM, 03-Mar-2026

रियाद में अमेरिकी दूतावास पर हमले का जवाब देंगे: ट्रंप

अमेरिका राष्ट्रपति ट्रंप ने रियाद में अमेरिकी दूतावास पर हमले पर प्रतिक्रया दी है। अमेरिका में न्यूजनेशन के एक पत्रकार से बातचीत के हवाले से अल जजीरा ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि जब उनसे पूछा गया कि अमेरिकी दूतावास पर हुए हमले की प्रतिक्रिया क्या होगी? तो उन्होंने साफ कहा कि आपको बहुत जल्द पता चल जाएगा। साथ ही कहा कि ईरान के क्षेत्र में जमीनी स्तर पर अमेरिकी सेना की तैनाती की आवश्यकता नहीं होगी।

07:19 AM, 03-Mar-2026

इस्राइल ने बीरूत में हिज्बुल्ला से जुड़ी अल-मनार टीवी पर हवाई हमला किया

बीते कुछ समय में दक्षिणी बेरूत के डाहीया इलाके में इस्राइली हमले हुए। इन हमलों में हिज्बुल्ला से जुड़ी स्थानीय टीवी चैनल अल-मनार के भवन को निशाना बनाया गया। हालांकि चैनल अब किसी अन्य जगह से प्रसारण कर रहा है। पिछले 24 घंटों में बेरूत, दक्षिणी लेबनान और पूर्वी बेका घाटी में कई हवाई हमले हुए। इन हमलों में कम से कम 52 लोग मारे गए, 154 घायल हुए और हजारों लोग विस्थापित हुए।

इस्राइली सेना ने दावा किया कि उन्होंने पहले हवाई हमले में फलस्तीनी इस्लामिक जिहाद संगठन के प्रमुख को मार गिराया है। साथ ही वरिष्ठ हिज्बुल्ला नेताओं और उनके खुफिया प्रमुख को भी निशाना बनाया गया, हालांकि हिज़्बुल्ला ने इस दावे की पुष्टि नहीं की है। सैकड़ों लोग दक्षिणी लेबनान में फंसे हुए हैं और 30 गांवों के निवासियों को सुरक्षा के लिए तुरंत क्षेत्र छोड़ने का आदेश दिया गया है।

06:55 AM, 03-Mar-2026

दुबई में अमेरिकी ठिकानों पर ईरान का बड़ा हमला

ईरानी रिवॉल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने कहा कि उसकी नौसेना ने संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में अमेरिकी बलों को निशाना बनाकर जटिल हमला किया। IRGC ने कुवैत के अरीफजान बेस पर भी ड्रोन हमले का दावा किया है।

06:53 AM, 03-Mar-2026

अमेरिका ने सऊदी अरब में नागरिकों को सुरक्षा के लिए घर में रहने की चेतावनी दी

अमेरिकी अधिकारियों ने सऊदी अरब में रहने वाले अमेरिकी नागरिकों से तत्काल सुरक्षित स्थान पर रहने और रियाद स्थित अमेरिकी दूतावास से दूर रहने का आग्रह किया है। दूतावास पर दो ड्रोन हमले किए गए थे। अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया पर कहा कि जेद्दा, रियाद और ढाहरान में शरण लेने की चेतावनी जारी की गई है। साथ ही क्षेत्र में किसी भी सैन्य ठिकाने पर गैर-जरूरी यात्रा से बचने को कहा गया है। सऊदी अधिकारियों के अनुसार हमले में “सीमित आग” लगी और मामूली नुकसान हुआ।

06:33 AM, 03-Mar-2026

ट्रंप ने इराक के कुर्द नेताओं से की बात, ईरान युद्ध के बीच हलचल

अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका और इस्राइल के ईरान पर संयुक्त हमलों के एक दिन बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने इराक के दो प्रमुख कुर्द नेताओं मसूद बरजानी और बाफेल तालाबानी से फोन पर बात की।रिपोर्ट में कहा गया है कि इन कुर्द गुटों के पास ईरान-इराक सीमा पर हजारों लड़ाके हैं और वे रणनीतिक इलाकों पर नियंत्रण रखते हैं, जो युद्ध बढ़ने की स्थिति में अहम हो सकते हैं। इराक के कुर्दों के ईरान के कुर्द समुदाय से भी करीबी संबंध बताए जाते हैं।

सूत्रों के मुताबिक, ये बातचीत इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की कई महीनों की कोशिशों का नतीजा थी। इस्राइल के कुर्दों के साथ लंबे समय से सुरक्षा और खुफिया संबंध रहे हैं। कुछ अधिकारियों का मानना है कि मौजूदा हालात में कुर्द गुट सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं।

06:27 AM, 03-Mar-2026

पेशावर में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास अस्थायी रूप से बंद

अमेरिका ने बताया कि पेशावर में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास 2 मार्च से अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। सुरक्षा हालात को देखते हुए दूतावास ने यह कदम उठाया है। इस बीच, इस्लामाबाद में अमेरिकी दूतावास सामान्य कांसुलर सेवाएं जारी रखेगा। पिछले दिनों कराची और लाहौर में अमेरिकी दूतावासों के पास विरोध प्रदर्शन और ट्रैफिक रुकावट के कारण सुरक्षा चिंताएं बढ़ गई थीं। कराची में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प में कम से कम 10 लोग मारे गए, जबकि इस्लामाबाद में 2 लोग मारे गए। सभी वीजा और अमेरिकी नागरिक सेवाओं की अपॉइंटमेंट 3 मार्च के लिए रद्द कर दी गई हैं। अमेरिकी दूतावास ने अपने नागरिकों से स्थानीय खबरों पर ध्यान देने, भीड़ से दूर रहने, और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखने की सलाह दी है।

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